दुनिया की जनसंख्या 8.09 अरब: भारत बना नए जन्मों का केंद्र
वाशिंगटन। नए साल के दिन, 1 जनवरी 2025, को दुनिया की जनसंख्या 8.09 अरब हो गई। वर्ष 2024 में जनसंख्या में 7.1 करोड़ की वृद्धि दर्ज की गई है। इस वृद्धि में भारत ने प्रमुख योगदान दिया, जहां जनसंख्या में 1.29 करोड़ की बढ़ोतरी का अनुमान है। अमेरिकी जनगणना ब्यूरो ने यह आंकड़े जारी किए।
भारत में सबसे अधिक जन्म
नई दिल्ली। संयुक्त राष्ट्र के जनसंख्या अनुमानों के अनुसार, भारत की कुल आबादी 1.451 अरब है। 2025 में, दुनिया में होने वाले कुल 132 मिलियन नए जन्मों में से 17.4% भारत में होंगे। यह 1975 से भारत की इस मामले में अग्रणी स्थिति को जारी रखता है।
भारत में बच्चों के जन्म का प्रतिशत
| वर्ष | भारत में जन्म लेने वाले बच्चों का प्रतिशत |
|---|---|
| 1950 | 16.65% |
| 2025 | 17.43% |
| 2100 | 11.96% |
स्रोत: वर्ल्ड पॉपुलेशन प्रोस्पेक्ट्स, 2024
वैश्विक मौत प्रतिशत और भारत की हिस्सेदारी
रिपोर्ट के अनुसार, वैश्विक मौतों में भारत की हिस्सेदारी 2025 से 2087 तक बढ़ने का अनुमान है। यह वृद्धि मुख्यतः जनसंख्या की उम्र बढ़ने के कारण होगी।
| वर्ष | वैश्विक मौतों में भारत की हिस्सेदारी |
|---|---|
| 1950 | 15.39% |
| 2025 | 16.71% |
| 2100 | 18% |
जनसंख्या का आयु वर्ग विभाजन
रिपोर्ट में भारत के आयु वर्ग के आधार पर जनसंख्या के विभाजन को स्पष्ट किया गया है।
| वर्ष | 18 वर्ष से कम | 18-59 वर्ष | 60 वर्ष और अधिक |
|---|---|---|---|
| 2000 | 41.9% | 51.4% | 6.8% |
| 2025 | 29.4% | 59.5% | 11.1% |
| 2050 | 21.6% | 57.8% | 20.6% |
बुजुर्गों की बढ़ती जनसंख्या
2000 से 2025 तक, गैर-वयस्क आबादी का हिस्सा 41.9% से घटकर 29.4% हो गया है। वहीं, कामकाजी आयु वर्ग (18-59 वर्ष) का हिस्सा 59.5% हो जाएगा। वरिष्ठ नागरिकों का अनुपात भी तेजी से बढ़ रहा है, जो 2050 तक 20.6% हो सकता है।
