🚀 अब राजकीय स्कूलों में ‘ड्रीम स्किल लैब क्लस्टर’

📰 सरकारी कलम | लखनऊ से विशेष रिपोर्ट

🚀 अब राजकीय स्कूलों में ‘ड्रीम स्किल लैब क्लस्टर’

150 करोड़ का प्रावधान, एआई-रोबोटिक्स से जुड़ेंगे विद्यार्थी

लखनऊ। प्रदेश के राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में अब पढ़ाई के साथ-साथ आधुनिक तकनीकी कौशल पर भी विशेष जोर दिया जाएगा। बजट में विद्यालयों में ‘ड्रीम स्किल लैब क्लस्टर’ स्थापित करने के लिए 150 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

इस पहल का उद्देश्य छात्रों को स्कूल स्तर पर ही डिजिटल तकनीक, इंडस्ट्रियल स्किल और भविष्य की तकनीकों से जोड़ना है, ताकि वे प्रतिस्पर्धी दुनिया के लिए तैयार हो सकें।


🏫 कैसे काम करेगा ‘हब और स्पोक’ मॉडल?

योजना के पहले चरण में:

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  • प्रत्येक मंडल से दो विद्यालय चुने जाएंगे
    • 1 बालक विद्यालय
    • 1 बालिका विद्यालय
  • इन्हें ‘हब स्कूल’ बनाया जाएगा
  • एक हब से तीन अन्य विद्यालय ‘स्पोक स्कूल’ के रूप में जुड़े रहेंगे

इस प्रकार एक हब के माध्यम से चार विद्यालयों के छात्र-छात्राएं आधुनिक तकनीकी प्रशिक्षण प्राप्त कर सकेंगे।


💰 कितनी होगी लागत?

  • प्रत्येक हब की अनुमानित लागत: ₹13.34 करोड़
  • खर्च का बंटवारा:
    • 🏭 उद्योग समूह – 68%
    • 📚 माध्यमिक शिक्षा विभाग – 32%

यह पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल पर आधारित पहल है।


🤝 कौन देगा तकनीकी सहयोग?

प्रमुख औद्योगिक कंपनियां इस परियोजना में तकनीकी सहयोग देंगी:

  • टाटा टेक्नोलॉजीज
  • टाटा क्लासेस
  • जापान की यास्कावा

इन उद्योग समूहों की जिम्मेदारी होगी कि:

  • पांच वर्षों तक उपकरणों का रखरखाव करें
  • शिक्षकों और विद्यार्थियों को प्रशिक्षण दें
  • लैब को आधुनिक मानकों के अनुरूप संचालित रखें

🧠 ड्रीम लैब में क्या सिखाया जाएगा?

इन लैब में विद्यार्थियों को निम्नलिखित उन्नत तकनीकी कोर्स सिखाए जाएंगे:

  • 🤖 आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI)
  • 🦾 इंडस्ट्रियल रोबोटिक्स
  • 🕶️ एआर-वीआर (Augmented & Virtual Reality)
  • 🚁 ड्रोन तकनीक
  • 🖥️ कंप्यूटर एडेड मशीनिंग
  • 🔋 ईवी (इलेक्ट्रिक व्हीकल) और बैटरी तकनीक
  • 🚰 प्लंबिंग
  • 🛍️ ओडीओपी आधारित ट्रेड कोर्स

इससे छात्र न केवल डिजिटल रूप से सक्षम होंगे, बल्कि रोजगारपरक कौशल भी विकसित कर सकेंगे।


🎯 क्या बदलेगा इस पहल से?

✔️ सरकारी स्कूलों की छवि में सुधार
✔️ निजी स्कूलों के मुकाबले प्रतिस्पर्धी माहौल
✔️ ग्रामीण और मध्यमवर्गीय छात्रों को तकनीकी अवसर
✔️ स्किल आधारित रोजगार की दिशा में मजबूत कदम

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह योजना प्रभावी ढंग से लागू होती है तो प्रदेश के लाखों विद्यार्थियों को भविष्य की तकनीकी दुनिया में आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।


✍️ सरकारी कलम शिक्षा और शिक्षक हित से जुड़े हर बड़े फैसले की सटीक जानकारी आप तक पहुंचाता रहेगा।

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