उत्तर प्रदेश में पीएम पोषण योजना के तहत छात्रों को सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन की सुविधा
लखनऊ।
प्रदेश के सभी जनपदों में पढ़ रहे छात्रों के लिए पीएम पोषण (मध्यान्ह भोजन) योजना में अब अतिरिक्त पोषक तत्व उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है। यह सुविधा फुलैक्सी फंड के तहत लागू की जा रही है, जिससे बच्चों को स्वास्थ्यवर्धक और पोषणयुक्त अतिरिक्त खाद्य सामग्री प्रदान की जाएगी।
योजना की अवधि और वितरण दिवस
- यह योजना दिसंबर, 2025 से शुरू होकर माह भार्थ, 2026 तक संचालित की जाएगी।
- सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन का वितरण सप्ताह में एक दिन (प्रत्येक बृहस्पतिवार) किया जाएगा।
- यदि बृहस्पतिवार को विद्यालय अवकाश रहे, तो वितरण आगामी कार्यदिवस में किया जाएगा।
अतिरिक्त खाद्य सामग्री का विवरण
छात्रों को स्थानीय स्तर पर उपलब्धता के अनुसार सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन के रूप में निम्नलिखित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी:
- मूंगफली की चिक्की / गुड़-तिल-मूंगफली की गजक
- चौलाई (रामदाना) का लड्डू
- बाजरे का लड्डू
- अन्य स्थानीय पोषक सामग्री
मात्रा:
- लड्डू या गजक: प्रत्येक छात्र को न्यूनतम 20 ग्राम
- अन्य पोषक सामग्री: प्रत्येक छात्र को न्यूनतम 50 ग्राम
प्रत्येक जनपद स्तर पर जिलाधिकारी के निर्देशानुसार सामग्री का चयन किया जाएगा।
अनुभवण और मूल्यांकन प्रक्रिया
- विद्यालय स्तर: सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन वितरण की जानकारी ब्लॉक स्तर के माध्यम से जनपद को उपलब्ध कराई जाएगी।
- जनपद और विकासखण्ड स्तर: टास्क फोर्स के माध्यम से व्यापक निरीक्षण किया जाएगा।
- प्रदेश स्तर: सोशल ऑडिट के माध्यम से योजना का मूल्यांकन किया जाएगा।
- समूह/एसएमएम के माध्यम से: खाद्य सामग्री वितरण का अनुभवण सुनिश्चित किया जाएगा।
उद्देश्य और महत्व
यह कदम बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण को बेहतर बनाने के साथ-साथ उनकी शारीरिक एवं मानसिक विकास में योगदान देगा। योजना का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के लिए सभी जिलाधिकारियों और विद्यालयों को विशेष निर्देश जारी किए गए हैं।
निष्कर्ष:
पीएम पोषण योजना के तहत अब बच्चे न केवल मुख्य भोजन बल्कि सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन के माध्यम से भी पोषण प्राप्त करेंगे। इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई और स्वास्थ्य दोनों में सुधार की संभावना बढ़ेगी।

