पॉलीटेक्निक छात्रों के लिए खुशखबरी: नौकरी के साथ बीटेक, टाटा कंपनी ने 75 छात्रों का चयन किया
लखनऊ।
राजकीय पॉलीटेक्निक के विद्यार्थियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। अहमदाबाद की टाटा कंपनी ने 75 छात्रों को चयनित किया है और उनके बीटेक की पढ़ाई का खर्च भी उठाएगी। इस पहल से छात्र नौकरी के साथ पढ़ाई कर पाएंगे और भविष्य में बड़े पैकेज वाली नौकरियों के लिए तैयार होंगे।
कैंपस ड्राइव का विवरण
बुधवार को राजकीय पॉलीटेक्निक में आयोजित कैंपस ड्राइव में प्रदेश के 162 राजकीय और सहायता प्राप्त संस्थानों के छात्र-छात्राओं को आमंत्रित किया गया।
- 400 अभ्यर्थियों ने लिखित परीक्षा दी
- 200 अभ्यर्थी परीक्षा में पास हुए
- 75 का चयन हुआ, जबकि 25 अभ्यर्थियों को प्रतीक्षा सूची में रखा गया
- वार्षिक पैकेज: 3 लाख रुपये
छात्र मैकेनिकल, ऑटोमोबाइल, प्रोडक्शन और इलेक्ट्रिकल ट्रेड से थे। टाटा कंपनी ने सभी अभ्यर्थियों के शैक्षिक प्रमाण पत्र सत्यापित किए और उसके बाद परीक्षा और साक्षात्कार के आधार पर चयन किया।
पाठ्यक्रम आधारित परीक्षा में चुनौतियां
कंपनी ने छात्रों से पाठ्यक्रम से जुड़े सवाल पूछे, जिनमें शामिल थे:
- इंजन के सिद्धांत, रखरखाव और मरम्मत की चुनौतियां
- सुरक्षा प्रोटोकॉल
- इलेक्ट्रिक वाहन और सिमुलेशन
- हाइड्रोलिक सिस्टम में मोटर ऑयल का उपयोग
- इलेक्ट्रिक मोटर और जनरेटर में अंतर
परीक्षा में आधे अभ्यर्थी इन सवालों का सही जवाब नहीं दे पाए। चयनित छात्रों को साक्षात्कार में सरल और पाठ्यक्रम संबंधित सवाल पूछे गए।
इंडस्ट्री ओरिएंटेड कोर्स का महत्व
प्राविधिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव नरेन्द्र भूषण ने कहा कि पॉलीटेक्निक संस्थानों में बदलते औद्योगिक परिवेश और बाजार की जरूरतों के अनुसार नए पाठ्यक्रम शुरू किए जाएंगे।
- उद्देश्य: छात्रों को व्यावहारिक ज्ञान और कौशल प्रदान करना
- इंडस्ट्री ओरिएंटेड डिप्लोमा पाठ्यक्रम छात्रों को रोजगार के लिए तैयार करेंगे
महानिदेशक सेल्वा कुमारी जे. ने कहा कि डिजिटल माध्यमों की मदद से युवाओं को जागरूक किया जाएगा, ताकि तकनीकी शिक्षा की ओर उनकी रुचि बढ़े और ऑनलाइन आवेदन में इजाफा हो।
पॉलीटेक्निक में बढ़ते दाखिले
संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद के सचिव संजीव कुमार सिंह के अनुसार:
- 2024 में 4,12,759 अभ्यर्थियों ने ऑनलाइन आवेदन किया, 1,15,444 ने दाखिला लिया
- 2025 में 4,25,993 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया, 1,34,628 ने दाखिला लिया
विशेष सचिव विनोद कुमार, प्राविधिक शिक्षा निदेशक अजीज अहमद, और अन्य वरिष्ठ अधिकारी इस अभियान को सफल बनाने में सक्रिय हैं।
निष्कर्ष:
पॉलीटेक्निक चलो अभियान-2026 और इंडस्ट्री ओरिएंटेड पाठ्यक्रमों के जरिए छात्रों को नौकरी और शिक्षा साथ-साथ उपलब्ध कराई जा रही है। यह पहल युवाओं की दक्षता बढ़ाने और उन्हें बेहतर करियर अवसर दिलाने में मददगार साबित होगी।
