पीईटी परीक्षा और छात्रवृत्ति योजना को लेकर मुख्य सचिव ने दिए सख्त निर्देश 🏫📝
प्रारंभिक पात्रता परीक्षा (PET) और छात्रवृत्ति योजना की तैयारियों को लेकर प्रदेश के मुख्य सचिव दीपक कुमार ने गुरुवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक की। बैठक में सभी मंडलायुक्तों, जिलाधिकारियों व वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
6 और 7 सितंबर को होगी पीईटी परीक्षा
- परीक्षा का आयोजन 48 जिलों के 1479 केंद्रों पर दो पालियों में होगा।
- कुल 25,31,996 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया है।
- प्रत्येक पाली में 6 लाख से अधिक अभ्यर्थी शामिल होंगे।
मुख्य सचिव के निर्देश:
- परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और नकलविहीन बनाया जाए।
- रेलवे और रोडवेज अधिकारियों को सतर्क किया जाए ताकि अभ्यर्थियों को केंद्र तक पहुंचने में कठिनाई न हो।
- बारिश के दौरान भी अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
- बिजली आपूर्ति निर्बाध रहे।
परीक्षा सुरक्षा और निगरानी
- सीलबंद प्रश्नपत्र पैकेट अभ्यर्थियों के सामने खोले जाएंगे।
- परीक्षा समाप्त होने के बाद सामग्री को पुनः सीलबंद किया जाएगा।
- 32,259 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं।
- 2,958 सेक्टर व स्टैटिक मजिस्ट्रेट और 1,64,615 कार्मिकों की तैनाती होगी।
- परीक्षा की लाइव मॉनिटरिंग आयोग और जिला मुख्यालय से की जाएगी।
- प्रश्नपत्र और ओएमआर शीट की सुरक्षा हेतु कोषागार में सीसीटीवी निगरानी अनिवार्य।
कक्षा 9 से 12 तक के छात्रों के लिए छात्रवृत्ति
- प्रथम चरण: 2 अक्टूबर को छात्रों के बैंक खातों में सीधा हस्तांतरण।
- 31 अगस्त तक विद्यालयों व जिला विद्यालय निरीक्षकों को मास्टर डाटा सत्यापन व लॉक की प्रक्रिया पूर्ण करनी होगी।
- द्वितीय चरण: 31 दिसंबर तक शेष छात्रों को भुगतान।
सरकारी कलम की राय
मुख्य सचिव के निर्देश स्पष्ट करते हैं कि सरकार इस बार पीईटी परीक्षा को पूरी तरह नकलविहीन और पारदर्शी बनाने के लिए कड़े कदम उठा रही है। साथ ही, छात्रवृत्ति वितरण प्रक्रिया को डिजिटल व समयबद्ध बनाने की दिशा में यह बड़ा कदम है।
