📊 जनगणना-2027 की तैयारियां तेज, मई–जून 2026 में होगा पहला चरण
हाउस लिस्टिंग के लिए तैनात होंगे 6 लाख कर्मी, प्रशासनिक इकाइयां रहेंगी फ्रीज
लखनऊ।
जनगणना-2027 को लेकर उत्तर प्रदेश में तैयारियां तेज कर दी गई हैं। मुख्य सचिव एस.पी. गोयल की अध्यक्षता में हुई राज्य स्तरीय जनगणना समन्वय समिति की द्वितीय बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में जनगणना कार्यों को समयबद्ध, पारदर्शी और तकनीकी रूप से सशक्त बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
🏠 मई–जून 2026 में होगा पहला चरण
मुख्य सचिव ने बताया कि जनगणना-2027 का प्रथम चरण यानी
👉 हाउस लिस्टिंग और आवास जनगणना (HLO)
का क्षेत्रीय कार्य मई-जून 2026 के दौरान कराया जाएगा।
इस चरण के लिए प्रदेश भर में करीब छह लाख जनगणना कर्मियों की तैनाती की जाएगी।
वहीं द्वितीय चरण में जाति जनगणना कराई जाएगी, जो जनगणना का अहम हिस्सा होगी।
🏢 प्रशासनिक इकाइयों पर पूर्ण रोक
जनगणना की शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए यह निर्णय लिया गया है कि—
- 📌 प्रदेश की सभी प्रशासनिक इकाइयां
31 दिसंबर 2025 की स्थिति के अनुसार स्थिर (फ्रीज) रहेंगी - 📌 1 जनवरी 2026 से 31 मार्च 2027 तक
किसी भी जिले, तहसील, ब्लॉक, ग्राम पंचायत या शहरी निकाय के
क्षेत्राधिकार में कोई परिवर्तन नहीं किया जाएगा
यह कदम जनगणना आंकड़ों में किसी भी प्रकार की विसंगति को रोकने के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
🤝 सामान्य प्रशासन विभाग बनेगा नोडल विभाग
बैठक में यह भी तय किया गया कि—
👉 सामान्य प्रशासन विभाग को राज्य नोडल विभाग नामित किया गया है
👉 यह विभाग राजस्व, गृह, शिक्षा, नगर विकास, पंचायती राज सहित
सभी संबंधित विभागों के साथ अंतर-विभागीय समन्वय सुनिश्चित करेगा
साथ ही,
- जनगणना पदाधिकारियों की नियुक्ति
- तकनीकी सहायता
- वित्तीय मानदंड
- जनगणना कर्मियों के मानदेय
से जुड़े अहम निर्णय भी बैठक में लिए गए।
🧪 प्री-टेस्ट के बाद बनी कार्ययोजना
जनगणना-2027 से पहले किए गए प्री-टेस्ट-2027 (हाउस लिस्टिंग ऑपरेशंस)—
- 📍 बुलंदशहर
- 📍 बहराइच
- 📍 प्रयागराज
के चयनित ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में सफलतापूर्वक पूरे किए गए।
इनसे मिले फीडबैक के आधार पर विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई है।
📽️ जनगणना प्रक्रिया पर प्रस्तुतीकरण
बैठक में निदेशक (जनगणना कार्य) शीतल वर्मा ने—
- जनगणना की पूरी प्रक्रिया
- समय-सीमा
- जनगणना-2027 की विस्तृत कार्ययोजना
पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया।
✍️ सरकारी कलम की टिप्पणी
जनगणना किसी भी लोकतांत्रिक व्यवस्था की रीढ़ होती है।
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा समय से पहले की गई ठोस तैयारियां यह दर्शाती हैं कि
जनगणना-2027 को सटीक, पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ी जा रही।
सरकारी कलम इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय प्रक्रिया से जुड़े हर अपडेट पर नजर बनाए रखेगा। 🖊️🇮🇳
