⚠️ एसआईआर फॉर्म भरते समय सावधान! साइबर ठगी के मामले बढ़े
प्रयागराज। निर्वाचन आयोग के निर्देश पर पूरे प्रदेश में एसआईआर (Special Incident Report) फार्म भरने की प्रक्रिया चल रही है, लेकिन इस बीच साइबर अपराधी सक्रिय हो गए हैं।
मंगलवार को शहर की एक महिला और मुट्ठीगंज निवासी राकेश गुप्ता से मिलकर कुल 1,03,500 रुपये की ठगी हुई।
🕵️♂️ ठगी का तरीका
- 15 दिसंबर को राकेश गुप्ता के मोबाइल पर अंजान नंबर से कॉल आई।
- कॉल करने वाले ने खुद को बीएलओ (Booth Level Officer) बताया और एसआईआर फार्म के बारे में पूछताछ की।
- जब राकेश ने कहा कि उन्होंने फार्म जमा कर दिया है, तो ठग ने कहा कि आधार कार्ड से मिलान नहीं हो रहा।
- इसके बाद मोबाइल पर ओटीपी (One-Time Password) भेजा गया और ओटीपी मांगकर फोन काट दिया।
- लगभग एक घंटे बाद, राकेश के बैंक खाते से 77,000 रुपये कटने का मैसेज आया।
उसी तरह, शिवकुटी की सीमा वर्मा के साथ भी साइबर ठगी हुई।
- 14 दिसंबर को अंजान नंबर से कॉल आया।
- ठग ने खुद को बीएलओ बताया और ओटीपी मांगकर 26,500 रुपये उड़ा दिए।
⚠️ विशेषज्ञों की चेतावनी
- किसी भी अज्ञात व्यक्ति को ओटीपी या बैंक डिटेल्स न दें।
- एसआईआर या वोटर रजिस्ट्री संबंधी जानकारी केवल आधिकारिक पोर्टल या सरकारी अधिकारी से ही साझा करें।
- संदिग्ध कॉल/मैसेज मिलने पर तुरंत बैंक और पुलिस को सूचित करें।
- साइबर ठगी के मामलों में पुलिस रिपोर्ट दर्ज कराना अनिवार्य है।
📝 सार्वजनिक जानकारी
- एसआईआर फार्म भरते समय सावधानी रखें।
- कोई भी सांठगांठ, ओटीपी या बैंक डिटेल फोन पर साझा न करें।
- सरकारी अधिकारी कभी भी कॉल करके बैंक डिटेल्स नहीं मांगते।
🔹 प्रदेश भर में अधिकारियों और नागरिकों को सावधानी अपनाने की सलाह दी गई है।
🔹 ऐसे मामलों में तुरंत स्थानीय पुलिस स्टेशन या साइबर सेल से संपर्क करें।
