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नेपाल में तख्तापलट के बाद सुशीला कार्की बनीं अंतरिम प्रधानमंत्री ✍️
काठमांडू। नेपाल की राजनीति में बड़ा उलटफेर हुआ है। तख्तापलट के तीन दिन बाद देश की पूर्व मुख्य न्यायाधीश सुशीला कार्की को राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल ने अंतरिम प्रधानमंत्री नियुक्त कर दिया। संसद भंग कर उन्हें 5 मार्च 2026 को आम चुनाव कराने की जिम्मेदारी दी गई है। कार्की नेपाल की पहली महिला मुख्य न्यायाधीश रही हैं और अब देश की पहली महिला प्रधानमंत्री बनकर इतिहास रच चुकी हैं।
कैसे बनीं अंतरिम प्रधानमंत्री? 🏛️
- गुरुवार देर रात राजनीतिक दलों और सेना प्रमुख के साथ मैराथन बैठक के बाद नाम पर सहमति बनी।
- शुक्रवार रात 9 बजे राष्ट्रपति भवन शीतल निवास में कार्की ने शपथ ली।
- राष्ट्रपति पौडेल ने संविधान के अनुच्छेद 61 (4) का इस्तेमाल करते हुए संसद भंग करने और नई कैबिनेट बनाने का निर्णय लिया।
कार्की की पहली घोषणा 📢
👉 अपने पहले फैसले में उन्होंने 5 मार्च 2026 को आम चुनाव कराने की घोषणा कर दी।
👉 कार्की ने यह भी साफ कर दिया कि वह तभी पद स्वीकार करेंगी, जब उन्हें भ्रष्टाचार और पुलिस बल प्रयोग की निष्पक्ष जांच की पूरी स्वतंत्रता होगी।
कार्की के सामने बड़ी चुनौतियां ⚖️
- कानून-व्यवस्था बहाल करना – हालिया प्रदर्शनों में सरकारी और निजी संपत्तियों को भारी नुकसान हुआ है।
- निष्पक्ष चुनाव कराना – सेना और राजनीतिक दलों का संतुलन बनाए रखना बड़ी चुनौती होगी।
- भारत-चीन से रिश्ते सुधारना – मौजूदा अस्थिर हालात में दोनों पड़ोसियों के साथ कूटनीतिक संतुलन कायम करना अहम होगा।
- भ्रष्टाचार पर कार्रवाई – कार्की ने साफ कहा कि बिना स्वतंत्र जांच के वह “लाचार प्रधानमंत्री” नहीं बनेंगी।
संभावित कैबिनेट 🤝
सूत्रों के मुताबिक कार्की की अंतरिम सरकार में ये नाम शामिल हो सकते हैं:
- कुलमन घीसिंग – पूर्व सीईओ, बिजली बोर्ड
- बालेंद्र शाह (बालेन) – काठमांडू के मेयर
- सुमाना श्रेष्ठ – पूर्व शिक्षा मंत्री
👉 जेन-जी (आंदोलनकारी समूह) का कोई प्रतिनिधि कैबिनेट में शामिल नहीं होगा, हालांकि उन्होंने चेतावनी दी है कि वे सरकार पर “कड़ी निगाह” रखेंगे।
प्रदर्शन और हिंसा 🔥
- अब तक 51 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जिनमें 3 पुलिसकर्मी और एक भारतीय महिला भी शामिल हैं।
- पहले दिन के हिंसक प्रदर्शन में ही 21 लोग मारे गए थे, जिनमें 9 कैदी और 5 नाबालिग थे।
- राजधानी काठमांडू और सुनसरी जिले में आगजनी और तोड़फोड़ जारी रही।
- भाटभटेनी इलाके में आगजनी के तीन दिन बाद चार जले हुए कंकाल बरामद किए गए।
सुशीला कार्की कौन हैं? 👩⚖️
- नेपाल की पहली महिला मुख्य न्यायाधीश (2016)।
- न्यायपालिका से अवकाश के करीब 8 साल बाद कार्यपालिका की बागडोर संभाली।
- बिहार से सटे विराटनगर से करियर की शुरुआत।
- बीएचयू (वाराणसी) से राजनीति विज्ञान में स्नातकोत्तर।
- हाल के एक इंटरव्यू में कहा था: “मैं भारतीय नेताओं से बहुत प्रभावित हूं। मोदीजी को नमस्कार करती हूं। भारतीय दोस्त मुझे बहन की तरह मानते हैं।”
निष्कर्ष ✍️
नेपाल आज इतिहास के अहम मोड़ पर खड़ा है।
- एक तरफ जनता नए नेपाल की उम्मीद में है,
- दूसरी तरफ हिंसा, भ्रष्टाचार और अस्थिरता की चुनौतियां मुंह बाए खड़ी हैं।
👉 अब पूरी दुनिया की निगाहें इस बात पर होंगी कि सुशीला कार्की निष्पक्ष चुनाव कराकर नेपाल को राजनीतिक स्थिरता दिला पाती हैं या नहीं।
