📢 सुप्रीम कोर्ट का आदेश: अब कक्षा 1 से 8 तक के शिक्षकों के लिए TET अनिवार्य
सुप्रीम कोर्ट के हालिया आदेश ने उत्तर प्रदेश समेत पूरे देश के शिक्षकों को झकझोर कर रख दिया है। कोर्ट ने साफ कर दिया है कि कक्षा 1 से 8 तक पढ़ाने वाले सभी शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) उत्तीर्ण करना अनिवार्य होगा।
⚖️ आदेश का असर
- जिन शिक्षकों की सेवा अवधि 5 वर्ष से अधिक है, उन्हें भी हर हाल में TET पास करना होगा।
- यदि शिक्षक TET पास नहीं कर पाते, तो उनकी नौकरी समाप्त हो सकती है।
- पदोन्नति (Promotion) चाहने वाले शिक्षकों के लिए भी TET पास करना जरूरी कर दिया गया है।
📅 परीक्षा की तैयारी
शासन ने 29 और 30 जनवरी को शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) आयोजित करने की तिथि प्रस्तावित की है। आवेदन प्रक्रिया भी जल्द शुरू होने वाली है।
👉 इस बीच बड़ी संख्या में शिक्षक पढ़ाई में जुट गए हैं।
- WhatsApp ग्रुपों पर शिक्षक आपस में TET पाठ्यक्रम से जुड़ा सामान्य ज्ञान और विषयवार सामग्री साझा कर रहे हैं।
- कई शिक्षक मान चुके हैं कि विरोध करने से बेहतर है तैयारी करना।
🗣️ शिक्षकों की प्रतिक्रिया
- कुछ शिक्षक प्रधानमंत्री कार्यालय को पत्र लिखकर राहत की मांग कर रहे हैं।
- लेकिन बड़ा वर्ग अब तैयारी में लग चुका है।
- उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के उपाध्यक्ष निर्भय सिंह ने भी शिक्षकों से अपील की है कि वे समय बर्बाद किए बिना पाठ्यक्रम के अनुसार तैयारी शुरू करें।
📌 पहले भी हुआ था बड़ा झटका
यह पहली बार नहीं है जब सुप्रीम कोर्ट का आदेश शिक्षकों की स्थिति पर भारी पड़ा हो।
👉 इससे पहले शिक्षामित्रों के मामले में भी सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया था, जिसके बाद सहायक अध्यापक बने हजारों शिक्षामित्रों को फिर से शिक्षामित्र बनना पड़ा था।
✍️ निष्कर्ष
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अब यह स्पष्ट हो गया है कि TET ही शिक्षक की नौकरी और प्रमोशन की कुंजी है।
👉 शिक्षकों के सामने अब दो ही रास्ते हैं:
- या तो विरोध कर समय गंवाएं,
- या फिर तैयारी कर सुरक्षित भविष्य सुनिश्चित करें।
