अपार आईडी न बनने पर नहीं रुकेगा शिक्षकों और कर्मचारियों का वेतन







अपार आईडी न बनने पर नहीं रुकेगा शिक्षकों और कर्मचारियों का वेतन

अपार आईडी न बनने पर नहीं रुकेगा शिक्षकों और कर्मचारियों का वेतन

माध्यमिक शिक्षा विभाग ने जारी किया निर्देश, कहा- जागरूक कर बनाई जाए अपार आईडी

लखनऊ। प्रदेश के विद्यालयों में छात्रों की ऑटोमेटेड परमानेंट एकेडमिक अकाउंट रजिस्ट्री (अपार) आईडी बनाने को लेकर सख्ती जारी है, लेकिन इसी बीच शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर आई है। माध्यमिक शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि यदि किसी शिक्षक या कर्मचारी की अपार आईडी नहीं बनी है, तो भी उसका वेतन नहीं रोका जाएगा। विभाग ने इस संबंध में आधिकारिक आदेश जारी कर दिया है।

WhatsApp Channel Join Now
WhatsApp Group Join Now
Telegram Channel Join Now

वेतन बाधित होने पर हुआ विरोध

पिछले दिनों अपार आईडी बनाने की धीमी प्रगति के चलते कई जिलों में बीएसए (BSA) व डीआईओएस (DIOS) अधिकारियों ने शिक्षकों और कर्मचारियों का वेतन रोक दिया था। इससे नाराज शिक्षक संगठनों ने विरोध-प्रदर्शन करते हुए इस निर्णय को गलत ठहराया। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि अगर वेतन बहाल नहीं किया गया तो आंदोलन किया जाएगा।

अपार आईडी बनाने में आ रही दिक्कतें

शिक्षकों का कहना है कि अपार आईडी बनाने की प्रक्रिया में कई समस्याएं आ रही हैं, जैसे:

  • यू-डायस (U-DISE) डेटा में त्रुटियां।
  • आधार कार्ड में गलतियों के कारण आईडी बनने में देरी।
  • छात्रों और अभिभावकों की जागरूकता की कमी।
  • तकनीकी गड़बड़ियों के कारण डेटा अपडेट में परेशानी।

शिक्षा निदेशक ने दिया स्पष्ट निर्देश

माध्यमिक शिक्षा निदेशक डॉ. महेंद्र देव ने सभी डीआईओएस (DIOS) को आदेश जारी करते हुए कहा है कि शिक्षकों और कर्मचारियों का वेतन रोके बिना भी अपार आईडी बनाने की प्रक्रिया तेज की जाए। इसके लिए छात्रों और अभिभावकों को जागरूक करने पर जोर दिया गया है।

बेसिक शिक्षा विभाग से भी आदेश की मांग

अब बेसिक शिक्षा विभाग में भी इसी तरह का आदेश जारी करने की मांग उठ रही है। उत्तर प्रदेश बीटीसी शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष अनिल यादव और उत्तर प्रदेशीय शिक्षक संघ के निर्भय सिंह ने कहा कि:

“यू-डायस डेटा में आवश्यक संशोधन किए जाएं और आधार संबंधी कमियों को दूर किया जाए, ताकि 100% अपार आईडी बन सके। शिक्षकों और कर्मचारियों की इसमें कोई गलती नहीं है, इसलिए उनका वेतन रोकना अनुचित है।”

क्या है निष्कर्ष?

शिक्षा विभाग की यह पहल शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए राहत लेकर आई है। अब बिना अपार आईडी के भी वेतन जारी रहेगा, लेकिन विभाग आईडी बनाने की प्रक्रिया को तेज करने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है।


Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top